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यूपी चुनाव से पहले सपा को झटका, पार्टी के कई MLC बीजेपी में हुए शामिल

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी को तगड़ा झटका लगा है. सपा के चार एमएलसी ने बीजेपी का दामन थाम लिया है. बीजेपी का दावा है कि इन विधान परिषद सदस्यों के आने से पार्टी को और मजबूती मिलेगी, साथ ही आने वाले चुनाव में इसका सीधा फायदा मिलेगा.

इन एमएलसी ने ज्वॉइन की बीजेपी

आज अखिलेश यादव की पार्टी के एमएलसी रविशंकर सिंह पप्पू, नरेन्द्र भाटी, सीपी चंद और रमा निरंजन ने बीजेपी का दामन थामा है. इन सभी MLCs ने उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, डॉ दिनेश शर्मा और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह की मौजूदगी में पार्टी ज्वॉइन की. इस दौरान स्वतंत्रत देव सिंह ने कहा कि प्रदेश में सपा के वफादार साथी रहे नरेंद्र भाटी के जुड़ने से बीजेपी को मजबूती मिलेगी और सूबे में सपा और कमजोर होगी.

‘पार्टी को मिलेगी मजबूती’ 

बीजेपी के प्रदेश के मुखिया स्वतंत्र देव ने कहा कि रविशंकर सिंह के आने से बलिया में सपा को तगड़ झटका लगेगा और सीपी चंद के आने से पार्टी मजबूत होगी. साथ ही रमा निरंजन के आने से बुंदेलखंड क्षेत्र में पार्टी की ताकत बढ़ेगी. अखिलेश यादव पर चुटकी लेते हुए उन्होंने कहा कि आज अखिलेश यादव को नींद नही आएगी. बीजेपी में शामिल हुए सदस्य और लोगों को सपा से बीजेपी में लाने की चिंता करेंगे. वहीं उन्होंने कहा कि जैसे कोरोनाकाल में अखिलेश आराम कर रहे थे अभी भी आराम करें.

कई नेताओं को ज्वॉइन करने का था प्रस्ताव

सूत्रों के अनुसार ज्वाइनिंग कमेटी के पास  सपा और बसपा के विधायक और एमएलसी सहित कई बड़े नेताओं को बीजेपी में शामिल कराने का प्रस्ताव रखा गया था. वहीं समिति ने सपा के विधान परिषद सदस्य रविशंकर सिंह पप्पू, सीपी चंद, अक्षय प्रसाद सिंह, रमा निरंजन व बसपा के ब्रजेश कुमार सिंह प्रिंसू सहित दस एमएलसी के बीजेपी में शामिल करने की मंजूरी दे दी थी.

दयाशंकर पांडे ने निभाई अहम भूमिका

सपा छोड़कर बीजेपी में शामिल होने वाले परिषद सदस्यों में अधिकांश सदस्य नगर निकाय क्षेत्र से एमएलसी है. बीजेपी ने इन सदस्यों को विधान परिषद के आगामी नगर निकाय क्षेत्र चुनाव में उम्मीदवार बनाने की भी सहमति दे दी है. सपा के सदस्यों को बीजेपी में शामिल कराने में उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा और बीजेपी के उपाध्यक्ष दयाशंकर सिंह की बड़ी भूमिका बताई जा रही है. विधानसभा चुनाव से पहले इन सदस्यों के बीजेपी में शामिल होने से सपा को बड़ा झटका लगेगा. वहीं, बीजेपी को इन सदस्यों के प्रभाव वाले क्षेत्र में फायदा होगा.

पार्टी बदल रहे नेता

बता दें कि चुनाव जैसे जैसे करीब आ रहे है पार्टियों में दूसरी पार्टी को अपने पाले में लाने की होड़ मे लग गई है. नेता भी अपने राजनीतिक फायदे को देखते हुए पार्टी का दामन थाम रहे हैं.

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