अन्य खबर

योगी सरकार का फैसला! विदेश से आने वाले यात्रियों की RT-PCR जांच अनिवार्य और जीनोम सीक्वेंसिंग भी की जाएगी; 16 करोड़ टीकाकरण करने वाला पहला राज्‍य बना यूपी

कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रान की दहशत के बीच यूपी स्वास्थ्य विभाग ने विदेश से आने वाले यात्रियों की आरटीपीसीआर जांच (RT-PCR Test) के साथ जीनोम सीक्वेंसिंग कराने का फैसला किया है. अभी तक प्रभावित सात देशों से आने वाले लोगों की ही जांच की बात कही गई थी मगर अब नई गाइडलाइन के हिसाब से किसी भी देश से आने वाले लोगों की जांच होगी. उनके नमूने जीनोम सीक्वेंसिंग के लिए भेजे जाएंगे और एयरपोर्ट पर ही सैम्पल लिए जाएंगे. विदेश मंत्रालय रोजाना सूची अपडेट करेगा.

विदेश से लौटे लोगों की एक सूची स्वास्थ्य विभाग को सौंपी भी गई है जिसके आधार पर सैम्पल लेने का काम शुरू हो गया है. स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक स्क्रीनिंग टीमें सक्रिय कर दी गई हैं. जो लोग विदेश से लौटे हैं वह सात दिन के लिए घर में क्वारंटीन रहेंगे. जांच निगेटिव भी आती है तो भी क्वारंटीन रहना होगा. अगर किसी यात्री में लक्षण देखे जाते हैं और रिपोर्ट निगेटिव रहती है तो सात दिन बाद उनकी दोबारा आरटीपीसीआर और जीनोम जांच होगी. लक्षण खत्म होने तक वह क्वारंटीन रहेंगे. जो लोग विदेश से लौटे हैं वह स्वत: सीएमओ कंट्रोल रूम को सूचना दे दें.

ओमीक्रोन वेरिएंट को लेकर राज्‍य सरकार अलर्ट

एक सरकारी बयान के मुताबिक कोरोना वायरस संक्रमण की पहली और दूसरी लहर पर नियंत्रण पाने वाली राज्य सरकार ने डेल्टा वेरिएंट से भी ज्यादा खतरनाक बताए जा रहे ओमीक्रोन वेरिएंट को गंभीरता से लेते हुए सभी सावधानियां बरतनी शुरु कर दी है. मुख्‍यमंत्री ने आला अधिकारियों को अलर्ट मोड पर काम करने के निर्देश दिए हैं. उत्तर प्रदेश में इस नए वैरिएंट को लेकर लखनऊ समेत सभी जिलों में विदेश से आने वालों की पड़ताल के निर्देश जारी किए गए हैं. निगरानी समितियों, स्‍वास्‍थ्‍य विभाग के दलों, जिलाधिकारियों और अन्य अधिकारियों ने जमीनी स्‍तर पर मोर्चा संभाल लिया है.

विदेशों से आने वाले यात्रियों की पहचान और कोविड प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन किया जा रहा है. इसके साथ ही योगी के निर्देशों के बाद कोरोना की दूसरी लहर में गठित की गई विशेषज्ञों की टीम इस नए वैरिएंट पर अपनी पैनी नजर बनाए हुए है. यह टीम विदेशों में इस नए वैरिएंट के लक्षण, प्रभाव और इसके खतरे का आंकलन करेगी. इस नए वैरिएंट की संक्रमण दर कितनी है डेल्‍टा से कितना खतरनाक ये नया वैरिएंट है और इस नए वैरिएंट पर वैक्‍सीन का कैसा प्रभाव है आदि बातों का आकलन किया जाएगा.

प्रदेश के सभी हवाई अडडों पर सख्ती बढ़ी

बयान में कहा गया कि प्रदेश के सभी हवाई अडडों पर सख्ती बढ़ा दी गई है और वहां सभी यात्रियों की नि:शुल्क आरटीपीसीआर जांच भी की जा रही है. विदेश से आने वाले किसी भी यात्री की आरटीपीसीआर जांच कराने और पॉजिटिव निकलने पर नमूना जीनोम सीक्वेंसी के लिए भी भेजा जाएगा. अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद द्वारा जिलों के सभी संभागीय आयुक्तों, जिलाधिकारियों, मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और अन्य अधिकारियों को भेजे गए एक पत्र में, कहा, “राज्य के हवाई अड्डे वाले जिलों में कोविड अस्पताल को ‘अंतरराष्ट्रीय यात्रियों हेतु आइसोलेशन फैसिलीटी” के रूप में चिन्हित किया जायें.”

जोखिम वाले देशों’ की सूची में ब्रिटेन, दक्षिण अफ्रीका, ब्राजील, बांग्लादेश, बोत्सवाना, चीन, मॉरीशस, न्यूजीलैंड, जिम्बाब्वे, सिंगापुर, हांगकांग और इज़राइल सहित यूरोप के देश शामिल हैं. प्रसाद ने कहा कि सभी जिलों के मुख्य चिकित्साधिकारी अपने स्तर पर अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की सूची इंटीग्रेटेड कोविड कमांड सेंटर को उपलब्ध कराएं तथा इंटीग्रेटेड कोविड कमांड सेंटर से सभी ऐसे मरीजों से लगातार संपर्क रखा जाएगा. उनके अनुसार विदेश से आने वाले ऐसे परिवारों के सदस्य के लिए आरटीपीसीआर के लिए रैपिड रिस्पांस टीम को नमूने के लिए तुरंत भेजा जाए

16 करोड़ टीकाकरण करने वाला पहला राज्‍य बना यूपी

वहीं दूसरी ओर यूपी देश में सबसे ज्‍यादा 16 करोड़ टीके लगाने वाला पहला राज्‍य बन गया है. प्रदेश के मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ ने सोमवार को इस बात की जानकारी दी. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को कहा कि उत्तर प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है जहां 16 करोड़ से अधिक कोविड-19 रोधी टीके का सुरक्षा कवच प्रदान किया गया है. योगी ने ट्वीट किया, ‘जीवन एवं जीविका को सुरक्षित करते हुए उत्तर प्रदेश 16 करोड़ से अधिक कोविड-19 रोधी टीके का सुरक्षा कवच प्रदान करने वाला देश का प्रथम राज्य बन गया है. यह उपलब्धि आदरणीय प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन एवं कर्तव्यनिष्ठ स्वास्थ्य कर्मियों के अथक परिश्रम को समर्पित है. आप भी अवश्य लगवाएं ‘टीका जीत का’.

अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य प्रसाद के मुताबिक सधी रणनीति के कारण आज उत्तर प्रदेश में कम समय में कोरोना संक्रमण पर तेजी से लगाम लगाई है. प्रदेश में बीते 24 घंटों में 1,24,647 परीक्षण किए गए जिसमें पांच नए मामलों की पुष्टि हुई. अब तक उप्र में 8,74,37,937 परीक्षण किए जा चुके हैं. प्रदेश में कुल उपचाराधीन मरीज अब 100 से घटकर 86 हो गये हैं. बीते 24 घंटों में नौ संक्रमितों ने कोरोना को मात दी.

(इनपुट-भाषा)

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button