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अखिलेश के राज में उत्तर प्रदेश बन गया था दंगा प्रदेश: गिरीश यादव

लखनऊ। योगी आदित्यनाथ सरकार में मंत्री गिरीश यादव ने समाजवादी पार्टी (सपा) के मुखिया व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि किसी भी दंगे में अधिकांश क्षति बेगुनाहों के जान-माल की होती है। दंगे किसी देश और प्रदेश के लिए स्थाई कलंक होते हैं। ये मुल्क की अस्मिता के लिए खतरे होते हैं। दो समुदायों में नफरत का जहर घोलते हैं। ऐसे में अपने छुद्र राजनीतिक हित के लिए दंगा कराने वाले और दंगाइयों को शह देने वाले मुल्क और समाज के दुश्मन हैं। तुष्टिकरण की राष्ट्रघाती राजनीति करने वाली समाजवादी पार्टी न केवल दंगे कराती रही है, बल्कि दंगाइयों को खुला संरक्षण भी देती रही है।

प्रदेश सरकार के आवास एवं शहरी नियोजन राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव ने शनिवार को जारी बयान में कहा कि गन्ने और उसके गुड़ की मिठास के लिए देश-दुनिया में मशहूर मुजफ्फर नगर को तो समाजवादी पार्टी ने अपने कार्यकाल में सांप्रदायिकता की प्रयोगशाला बना दिया। जब मुजफ्फरनगर दंगों की आग में जल रहा था, उस समय अखिलेश सैफई के जश्न का आनंद लूट रहे थे। दंगाइयों को सरकार का खुला संरक्षण प्राप्त था। बहू-बेटियों की इज्जत बचाने के लिए दंगे से सर्वाधिक प्रभावित कैराना कस्बे के सैकड़ों परिवारों को पलायन करना पड़ा।

उन्होंने कहा कि मुजफ्फरनगर के दंगे तो सपा की तुष्टिकरण की आत्मघाती राजनीति का सबसे वीभत्स उदाहरण थे। राज्य प्रायोजित इस दंगे से पूरे देश-दुनिया में उत्तर प्रदेश की किरकिरी हुई। मिल-जुल कर रहने वालों के रिश्ते बुरी तरह प्रभावित हुए। पिछली अखिलेश सरकार में आए दिन दंगे होते थे। आंकड़े इस बात के सबूत हैं। 2012 में 227, 2013 में 247, 2914 में 242, 2015 में 219 और 2916 में 100 से अधिक दंगे हुए। अखिलेश के समय में उत्तर प्रदेश की पहचान दंगा प्रदेश के रूप में बन गई थी। चूंकि हर दंगे में वर्ग विशेष के ही जान-माल की सर्वाधिक क्षति होती थी। लिहाजा इनमें तबकी सरकार की भूमिका होती थी।

गिरीश यादव ने कहा कि दंगे और अराजकता ने प्रदेश को बदनाम कर दिया था। कोई निवेशक यहां पूंजी लगाने को तैयार नहीं होता था। जो लगाए थे, वे यहां से कारोबार समेटने की तैयारी में थे। कुछ ने तो समेट भी लिया था। इस बाबत अखिलेश यादव का कोई भी कुतर्क बेइमानी की श्रेणी में आता है। आप इसे उनकी मूर्खता भी कह सकते हैं। रही बात मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुआई वाली भाजपा सरकार की तो उनके कार्यकाल में अब तक एक भी दंगे नहीं हुए। बेहतर कानून-व्यवस्था और विश्व स्तरीय बुनियादी सुविधाओं के नाते आज माहौल बदल चुका है। निवेश के आंकड़े इसके सबूत हैं। भाजपा की मौजूदा सरकार के हर क्षेत्र में रिकॉर्ड परफॉर्मेंस के नाते देश ही नहीं दुनिया की धारणा उत्तर प्रदेश के बारे में बदल चुकी है। अब यह निवेशकों की सबसे पसंदीदा जगह बन चुका है।

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